प्रियाल चिरोंजी चिरजी चिरंजीवी हृदयवर्धक
मध्यम आकार का, सदाबहार वृक्ष
भारत के उत्तर प्रदेश, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, और पश्चिम बंगाल में पाया जाता है। यह शुष्क और उपोष्णकटिबंधीय क्षेत्रों में प्राकृतिक रूप से उगता है।
Proteins Fats (स्निग्ध तेल) Carbohydrates Minerals: Calcium, Phosphorus Vitamin E Flavonoids Tannins
Rasa- मधुर, स्निग्ध Guna- स्थूल, स्निग्ध Virya- शीत Vipaka- मधुर Karma- हृदयवर्धक, वातकफशामक, बलवर्धक, मूत्रल, वातशामक, अग्निवर्धक, पित्तशामक Doshakarma- वात-कफ शमन, पित्त संतुलन
हृदय रोग और हृदय दुर्बलता वात-ज्वर और वातशूल मूत्रविकार पाचन दोष और अग्निमांद्य त्वचा रोग रक्तपित्त और रक्तदोष बल व आयुर्वृद्धि
बीज (चिरोंजी), पत्ते, फल, गोंद
चिरोंजी बीज: 3–5 gm प्रतिदिन स्वरस/क्वाथ: 30–50 ml चूर्ण: 3–6 gm
प्रियालादि चूर्ण चिरोंजी तेल हृदयवर्धक पंचांग
प्रियालः स्निग्धः मधुरः बलवर्धकः सदा। वातकफशामकः हृदयं पुष्टिं कुरुते॥ "प्रियालंमधुरंवृष्यंबल्यंत्वग्दोषनाशनम्। वातपित्तहरंशुक्र्यंस्निग्धंशुक्रविवर्धनम्॥" (भावप्रकाशनिघण्टु)
प्रियाल, चिरोंजी
Chironji tree
Buchanania lanzan Spreng.
Anacardiaceae